वो अल्फाज़ कहाँ से लाऊं

वो अल्फाज़ कहाँ से लाऊं

गा सकूँ आपका नगमा वो साज़ कहाँ से लाऊं,

सुना सकूँ कुछ आपको वो अंदाज़ कहाँ से लाऊं,

यूं तो चाँदनी की तारीफ़ करना आसान है,

कर सकूँ आपकी तारीफ़ वो अल्फाज़ कहाँ से लाऊं…!!!

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