मोहब्बत को फिर से जवां कर दो

बस एक छोटी सी हाँ कर दो,
हमारे नाम इस तरह सारा जहां कर दो,
वो मोहब्बत जो तुम्हारे दिल में है,
उनको जुबां पर लाओ और बयाँ कर दो,
आज बस आप कहो और कहते ही जाओ,
हम बस सुने ऐसा बे-जुबां कर दो,
है पुरानी दास्तां हीर राँझा की,
तारीख मोहब्बत को फिर से जवां कर दो,
आ जाओ की ऐसा टूट कर चाहूँ तुम्हें,
हमारी मोहब्बत को मोहब्बत का निशाँ कर दो,
अपने दिल में इस तरह छुपा लो मुझको,
रहूँ हमेशा इस में ऐसा मेरा जहां कर दो…!!!

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