हर पल जो मुझे तडपाती है

क्यों तुझको देखना चाहती है मेरी आँखे

क्यों खामोशिया करती है बस तेरी बातें,

क्यों इतना चाहने लगा हूँ तुझको  को मैं

क्यों तारे गिनते हुए कटती है मेरी रातें

तु ही कुछ बता दे क्या मैं करू इनका

हर पल जो मुझे तडपाती है तेरी यादें..!!!

 

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