हमारे होकर भी

एक जैसे दोस्त सारे नही होते,

कुछ हमारे होकर भी हमारे नही होते,

आपसे दोस्ती करने के बाद महसूस हुआ,

कौन कहता है “तारे ज़मीं पर”नही होते…

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