बिछड़ना नसीब था

मिलना इत्तिफाक था, बिछड़ना नसीब था,

वो उतना ही दूर चला गया जितना वो करीब था,

हम उसको देखने के लिए तरसते रहे,

जिस शख्स की हथेली पे हमारा नसीब था।

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